मुंबई (Economy India): मुंबई के जुहू इलाके में मशहूर फिल्म निर्माता रोहित शेट्टी के आवास पर हुई गोलीबारी की घटना में मुंबई पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने इस सनसनीखेज मामले में कथित शूटर समेत कुल छह आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। यह गिरफ्तारी हरियाणा और राजस्थान से की गई है। अधिकारियों के अनुसार, सभी आरोपी पुलिस रिमांड पर हैं और मामले की गहन जांच जारी है।
कैसे हुआ खुलासा
मुंबई पुलिस के जबरन वसूली रोधी प्रकोष्ठ (Anti-Extortion Cell) ने रविवार रात को एक समन्वित ऑपरेशन के तहत हरियाणा और राजस्थान में छापेमारी कर आरोपियों को हिरासत में लिया। पुलिस के मुताबिक, मुख्य आरोपी और कथित शूटर की पहचान दीपक शर्मा के रूप में हुई है, जबकि अन्य पांच आरोपी उसे लॉजिस्टिक और तकनीकी मदद देने में कथित रूप से शामिल थे।
पुलिस सूत्रों ने बताया कि इस कार्रवाई के लिए तकनीकी निगरानी, कॉल डिटेल रिकॉर्ड (CDR), लोकेशन ट्रैकिंग और स्थानीय पुलिस की मदद ली गई। कई दिनों तक चली जांच के बाद आरोपियों की लोकेशन का पता चला, जिसके आधार पर यह गिरफ्तारी संभव हो सकी।

जुहू में क्या हुआ था?
कुछ दिन पहले जुहू स्थित रोहित शेट्टी के आवास के बाहर अज्ञात हमलावरों ने फायरिंग की थी। हालांकि इस घटना में कोई घायल नहीं हुआ, लेकिन यह मामला गंभीर सुरक्षा चिंता के रूप में सामने आया, क्योंकि यह एक प्रमुख फिल्म निर्माता से जुड़ा हुआ था। घटना के बाद इलाके में सुरक्षा बढ़ा दी गई थी और पुलिस ने तत्काल जांच शुरू कर दी थी।
जबरन वसूली एंगल की जांच
पुलिस इस मामले को केवल फायरिंग तक सीमित नहीं रख रही है। जांच एजेंसियां यह भी पता लगाने की कोशिश कर रही हैं कि क्या इस घटना के पीछे किसी प्रकार की जबरन वसूली, धमकी या संगठित अपराध नेटवर्क का हाथ है। मुंबई पुलिस का मानना है कि बॉलीवुड से जुड़े लोगों को निशाना बनाकर डर पैदा करने की कोशिश की गई हो सकती है।
एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी के अनुसार,
“हम सभी संभावित एंगल्स की जांच कर रहे हैं। अभी किसी निष्कर्ष पर पहुंचना जल्दबाजी होगी, लेकिन गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ में अहम जानकारियां सामने आने की उम्मीद है।”
बॉलीवुड से जुड़ी सुरक्षा चिंता
यह घटना ऐसे समय सामने आई है जब मुंबई पुलिस पहले से ही फिल्म इंडस्ट्री से जुड़े लोगों की सुरक्षा को लेकर सतर्क है। पिछले कुछ वर्षों में कई हाई-प्रोफाइल मामलों के चलते पुलिस ने सुरक्षा प्रोटोकॉल मजबूत किए हैं। इस घटना के बाद रोहित शेट्टी के आवास के आसपास सुरक्षा व्यवस्था और कड़ी कर दी गई है।
कानूनी प्रक्रिया और आगे की कार्रवाई
पुलिस ने सभी आरोपियों को स्थानीय अदालत में पेश किया, जहां से उन्हें पुलिस हिरासत में भेज दिया गया है। पुलिस अब यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि:
- हथियार कहां से लाए गए
- फायरिंग का आदेश किसने दिया
- क्या इसके पीछे कोई बड़ा गिरोह सक्रिय है
- क्या अन्य फिल्मी हस्तियों को भी निशाना बनाया जाना था
इसके अलावा, फॉरेंसिक टीम ने घटनास्थल से बरामद सबूतों की जांच शुरू कर दी है, जिसमें कारतूस और सीसीटीवी फुटेज शामिल हैं।
मुंबई पुलिस की भूमिका
Mumbai Police ने इस मामले में त्वरित और प्रभावी कार्रवाई कर यह संदेश देने की कोशिश की है कि शहर में कानून व्यवस्था से खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। पुलिस आयुक्त कार्यालय ने भी संकेत दिए हैं कि इस तरह की घटनाओं में ‘जीरो टॉलरेंस’ नीति अपनाई जाएगी
रोहित शेट्टी के घर पर गोलीबारी की घटना भले ही किसी के घायल होने के बिना समाप्त हुई हो, लेकिन इसने एक बार फिर यह सवाल खड़ा कर दिया है कि महानगरों में हाई-प्रोफाइल लोगों की सुरक्षा कितनी चुनौतीपूर्ण होती जा रही है। मुंबई पुलिस की त्वरित कार्रवाई से मामले में बड़ी प्रगति जरूर हुई है, लेकिन जांच पूरी होने के बाद ही यह साफ हो पाएगा कि इस घटना के पीछे असली मकसद क्या था।
Economy India इस मामले से जुड़े हर नए घटनाक्रम पर नजर बनाए रखेगा।







